किचन की चीजों पर सस्ते टैक्स से गृहणियों को मिलेगी राहत: सीमा

भिण्ड। भारतीय जनता पार्टी की जिलामंत्री सीमा जैन ने भाजपा मीडिया सेंटर से जारी एक विज्ञप्ति में कहा है कि जीएसटी प्रभावी होने पर गृहणियों को राहत मिलेगी। उन्होंने कहा कि रसोई और आम जिंदगी की जरूरत की वस्तुएं या तो जीएसटी के दायरे से बाहर कर दी गई हैं अथवा उन्हें पांच प्रतिशत कर के दायरे में रखा गया है। जिससे रसोई की सामग्री दूध, दही, सब्जी, गुड़, पापड़, ब्रेड, लस्सी, पनीर, नमक, खुला अनाज कर के दायरे से बाहर रखा गया है। चाय, कॉफी, चीनी, खाद्य तेल, दूध चूर्ण, पैक्ड पनीर, काजू, किसमिस, रसोई गैस, अगरबत्ती को पांच प्रतिशत कर के दायरे में रखा गया है। किचन पर किंचित मार पडऩा है तो ऐसी वस्तुएं हैं जिनका इस्तेमाल कभी कभार तीज त्योहार पर ही आम आदमी करता है। इसमें बादाम, फ्रूटजूस, डिब्बा बंद नारियल तेल, घी, अचार, मुरब्बा, चटनी, जेम, जैली जैसी वस्तुएं हैं।

गृहणियों की रसोई होगी सस्ती

सरकार ने दावा किया है कि जीएसटी से किचन और रोजमर्रा की जिंदगी में इस्तेमाल होने वाले 81 फीसदी सामान पर टैक्स की दर 18 फीसदी या उससे कम होंगे। इनमें से कई सामान सस्ते हो जाएंगे।

इन चीजों पर होगा जीरो प्रतिशत टैक्स

जिनपर कोई टैक्स नहीं लगेगा उसमें मीट, दूध, दही, सब्जी, शहद, गुड़, पापड़, ब्रेड, लस्सी, खुला पनीर, नमक, फूल झाड़ू, खुला आटा, खुला मैदा, खुला बेसन, दाल, सब्जी, खुला अनाज शामिल हैं। इनपर जीएसटी लागू होने के बाद कोई टैक्स नहीं लगेगा।

किचन में 5 फीसदी टैक्स

5 फीसदी टैक्स वाले स्लैब में चाय, चीनी, कॉफी, खाने वाला तेल, दूध पाउडर, पैक्ड पनीर, काजू, किशमिश, रसोई गैस, अगरबत्ती को रखा गया है।

रसोई की इन चीजों पर 12 फीसदी टैक्स

6-12 फीसदी टैक्स स्लैब में मक्खन, घी, बादाम, फ्रूट जूस, डिब्बाबंद नारियल पानी, अचार, मुरब्बा, चटनी, जैम, जेली है।

किचन में 18 फीसदी टैक्स

7-18 फीसदी टैक्स स्लैब में टूथपेस्ट, हेयर ऑयल, शैंपू, साबुन, पास्ता, कॉर्न फ्लैक्स, सूप, आइसक्रीम को रखा गया है।