अब शराबियों की खैर नहीं, महिला कमांडो ने कसी कमर

रायपुर। शराबियों और अन्य असामाजिक तत्वों के खिलाफ छत्तीसगढ़ की ग्रामीण महिलाओं में जागरूकता लगातार बढ़ रही है। हमर छत्तीसगढ़ योजना के तहत रायपुर और नया रायपुर के अध्ययन दौरे पर आयी बालोद जिले की महिला पंच-सरपंचों ने बताया कि उनके जिले के ग्राम कोहंगाटोला, घुमका और कुछ अन्य गांवों की महिलाओं ने संगठित होकर महिला कमांडो दस्ते का गठन किया है।

women

शराबी और अन्य असामाजिक तत्व इन महिला कमांडो से घबराने लगे हैं। बालोद जिले की महिला पंच-सरपंचों को आज राजधानी रायपुर के ऊर्जा पार्क में सौर ऊर्जा प्रणाली से चलने वाले उपकरण दिखाए गए, वहीं ऊर्जा पार्क की हरियाली ने उनका दिल जीत लिया।

ये महिला कमांडो अपने-अपने गांवों में रात्रि 9 बजे से देर रात तक लाठी, टार्च और सीटी लेकर गलियों और मोहल्लों में पेट्रोलिंग करती हैं। अगर कहीं शराबी मिल जाए तो उन्हें समझाने का प्रयास करती हैं। समझाने पर भी अगर शराबी न माने तो सरपंचों से लेकर पुलिस तक की मदद लेकर उनको सुधारने का प्रयास किया जाता है।

महिला कमांडो में ग्राम कोहंगाटोला की पेमिन, ग्राम घुमका की अंजनी विश्वकर्मा और ग्राम धौरागांव की सीमा ठाकुर सहित कई महिलाएं शामिल हैं। वे अपनी घर-गृहस्थी के साथ-साथ समाज सेवा का भी काम कर रही हैं। ग्राम चिखलकसा की श्रीमती भीखी बाई ने बताया कि उनके गांव की महिलाओं ने जीवदया नामक संगठन बनाया है, जो सड़क दुर्घटना पीड़ितों की हर संभव मदद करने का प्रयास करता है।

नया रायपुर में बालोद जिले के पंच-सरपंचों को आज माना स्थित स्वामी विवेकानंद विमानतल को भी दिखाया गया। इनमें से कई पंचायत प्रतिनिधियों ने पहली बार विमानों को काफी नजदीक से देखा। उन्हें नया रायपुर के 5-डी डोम में फिल्में भी दिखाई गईं।

(आईएएनएस)