शीतकालीन सत्र का आगाज 15 दिसंबर से, अगले साल जनवरी तक चलेगा सत्र

नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने संसद के शीतकालीन सत्र की तारीख का ऐलान कर दिया है। इस साल का शीतकालीन सत्र थोड़ी देरी से शुरू होगा। इस साल शीतकालीन सत्र की शुरुआत 15 दिसंबर से होगी जोकि 14 दिन तक चलेगी। गृहमंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में ये फैसला लिया गया है। सरकार के फैसले को लेकर संसदीय कार्य मंत्री अनंत कुमार ने कहा कि पहले भी कई बार संसद का शीतकालीन सत्र दिसंबर में बुलाया गया है और ये जनवरी तक चले हैं। इसी के साथ तीन तलाक को लेकर अनंत कुमार ने कहा कि तीन तलाक और नए पिछड़ा आयोग बिल देश की आकांक्षाओं के मुताबिक होगा। बता दें कि शीतकालीन सत्र को लेकर हुई बैठक में रविशंकर प्रसाद,संसदीय कार्य राज्य मंत्री अर्जुन मेघवाल और विजय गोयल के साथ गृह मंत्री राजनाथ सिंह मौजूद रहे।

आपको बता दें कि राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई बैठक में प्रस्तावित तीन तलाक विधेयक से संबंधित अनेक मुद्दों पर चर्चा की गई, जिसमें तीन बार तलाक कहकर वैवाहिक संबंध समाप्त करने के तरीके को दंडनीय अपराध के तौर पर कानून में शामिल किया जाएगा। तीन तलाक के लिए हुई बैठक में विदेश मंत्री सुषमा स्वराज, कानून मंत्री रविशंकार प्रसाद, सामाजकि न्याय और आधिकारित मंत्री थावर चंद गहलोत, अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी और अटर्नी जनरल के के वेणुगोपाल ने इस बैठक में हिस्सा लिया।

हालांकि इस बैठक में कोई फैसला नहीं लिया गया और आगे की बातचीत आने वाले दिनों में होगी। सरकारी अधिकारी ने कहा कि मंत्रियों ने इस बारे में भी चर्चा की कि नया कानून लाया जाना चाहिए या मौजूदा दंडनीय प्रावधानों में उचित बदलाव किये जाने चाहिए ताकि तीन तलाक को अपराध बनाया जा सके। कानून के मुताबिक ‘तलाक ए बिद्दत’ या तीन तलाक की पीड़िता के पास पुलिस के पास जाने के अलावा कोई रास्ता नहीं होगा और कोई भी मुस्लिम मौलवी उसकी कोई मदद नहीं कर पाएंगे।