पति के हत्यारों की गिरफ्तारी न होने की दशा में दी आत्मदाह की चेतावनी

हरदोई। देश के सबसे बडे सूबे उत्तर प्रदेश में सत्ता पलट होने के बाद योगी सरकार लगातार अपराध को रोकने के प्रयास कर रही है। ऐसे में जहां एक तरफ पुलिस प्रशासन को सुधारने की बात की जाती है तो दूसरी तरफ जमीनी हकीकत कुछ और ही नजर आती है। सूबे में हत्या व लूट की वारदातें खत्म होने की तो बात तो दूर, जिलों की पुलिस तो पीड़ितों की शिकायतें भी सुनने का नाम नहीं ले रही है। ताजा मामला हरदोई का है। जहां दुकान के बाहर सोते समय हत्या के मामले दर दर भटक रही मृतक की पत्नी की गुहार अभी तक पुलिस के किसी भी नुमाइंदे के पास नहीं पहुंची है। परेशान होकर महिला ने आरोपियों गिरफ्तारी न होने की पर पुलिस प्रशासन को आत्मदाह की चेतावनी दी है। महिला ने परेशान होकर एसपी से आरोपियों की गिरफ्तारी करने की गुहार लगाई है। एसपी ने कोतवाल को हत्यारों की तत्काल गिरफ्तारी के निर्देश दिए है।

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पूरा मामला जिले के कछौना कोतवाली क्षेत्र के समोधा दलेलनगर का है। समोधा दलेलनगर निवासी महिला द्वारा बताया जा रहा है कि 2 महीने पहले रात में दुकान के बाहर सोते समय उसके पति की हत्या हुई थी और अब तक हत्यारों की गिरफ्तारी नहीं हो पाई है। महिला का कहना है कि वो एसपी की चौखट पर बच्चों के साथ बार-बार गिरफ्तारी की गुहार लेकर चक्कर काट रही है और वह अपने पति के हत्यारों की गिरफ्तारी की बार-बार मांग कर रही है। महिला का आरोप है कि वह थाने के चक्कर पे चक्कर काट रही है और जब वह थाने जाती है तो उसे वहां से भगा दिया जाता है, अब वह निराश होकर एसपी के पास आई है।
दरअसल 26 मई 2017 को दलेलनगर निवासी सत्यप्रकाश रात में दुकान के बाहर सोते समय हत्या कर दी गई थी। हत्या तब हुई थी जब वह अपनी किराने की दुकान के बाहर सो रहा था। हमलावर उसकी हत्या करके भाग गए थे और युवक का मोबाइल भी ले गए। घायल युवक ने इलाज के दौरान लखनऊ के ट्रामा सेंटर में दम तोड़ दिया था। इस मामले में मृतक की पत्नी सुनीता ने कमलेश पुत्र मैकू, रामबहादुर सिंह पुत्र गनेश सिंह व सरविन्द सिंह पुत्र गंगा सिंह पोखई खेड़ा संडीला के विरुद्ध हत्या की नामजद रिपोर्ट लिखाई थी लेकिन अभी तक किसी की भी गिरफ्तारी नहीं हो पाई है। इस मामले में एसपी ने कोतवाल को फोन कर गिरफ्तारी के निर्देश दिए हैं। अब देखना यही है कि थानेदार एसपी के आदेशों का कितना पालन करते हुए महिला को कब तक और कितना न्याय दिलाते है।