कोहली ने मनाया गणतंत्र दिवस, फहराया तिरंगा लगाए नारे भारत माता की जय के नारे

कानपुर। भारत और इंग्लैंड के बीच टी-20 इंटरनेशनल क्रिकेट मैच के पहले गणतंत्र दिवस के मौके पर गुरुवार की सुबह 8:30 बजे पर कैप्टन विराट कोहली ने लैंडमार्क होटल में झंडा फहराया। उनके साथ तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी और बीसीसीआई के चेयरमैन राजीव शुक्ल सहित टीम इंडिया के सभी खिलाड़ी भी मौजूद रहे। इसके बाद खिलाड़ियों ने भारत माता के जयकारे लगाए और नारों की गूंज पूरे होटल में सुनाई देती रही।

लैंडमार्क होटल में भारत और इंग्लैंड की टीमें रुकी हैं। गणतंत्र दिवस पर होटल के 10वें फ्लोर पर झंडारोहण का कार्यक्रम आयोजित किया गया था। विराट मोहम्मद शमी और राजीव शुक्ल के साथ पहुंचे और झंडा फहराया। इसके बाद राष्ट्रगान भी गाना गाया। कोहली को भारत माता की जय के नारे लगाते देख सभी के अंदर मानो गजब सा उत्साह सा आ गया था।
कोहली ने कहा, भारत माता की जय

विराट कोहली ने झंडारोहण के बाद जमकर मस्ती की। होटल में आए दिव्यांग बच्चों के साथ फोटो खिचवाई। कोहली ने कहा कि कानपुर स्वतंत्रता सेनानियों की नगरी रही है। इसकी झलक आज भी कानपुर में दिखती है। कोहली ने इस दौरान भगतसिंह और पंडित चंद्रशेखर आजाद और विद्यार्थी के किस्से भी लोगों से सुने।

विराट कोहली ग्रीनपार्क के ठीक सामने डीएबी कॉलेज हॉस्टल क्रांतिकारियों का अड्डा हुआ करता था जिसे देखने के लिए विराट कोहली अकेले ही निकल गए। इस दौरान जब लोगों को पता चला कि कैप्टन कोहली यहां घूम रहे हैं तो उन्हें देखने के लिए लोग बढ़ने लगे। लोगों को देखते हुए कोहली वहां से सीधे पार्क आ गए। इस हॉस्टल में पंडित चंद्रशेखर आजाद, भगतसिंह और बिस्मिल जैसे क्रांतिकारी बैठकर अंग्रेजों के खिलाफ रणनीति बनाया करते थे। डीएवी कॉलेज के पास ही क्रांतिकारी सालिगराम शुक्ला को गोलियों से भून दिया गया था।

तेज गेंदबाज मोहम्मद समी होटल पर झंडारोहण के समय विराट के साथ मौजूद थे। समी ने झंडारोहण के बाद तिरंगे को सैल्यूट किया। समी ने कानपुर के क्रांतिकारियों के इतिहास के बारे में होटल के कर्मचरियों से पूछा। समी ने इस दौरान कहा कि मैं बहुत सौभग्यशाली हूं, क्योंकि गणतंत्र दिवस पर कानपुर में खेलने का मौका मिला।