तेज हुई आगरा एयरपोर्ट की मांग, कई राज्यों को होगा लाभ

आगरा। पर्यटन नगरी आगरा में इंटरनेशनल एयरपोर्ट की मांग दिन प्रतिदिन तेज होती जा रही है। आगरा में दो बार आये प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भी आगरा की जनता से इंटरनेशनल एयरपोर्ट देने का वादा किया था, लेकिन राजनैतिक खींचातान में आगरा के हाथ से इंटरनेशनल एयरपोर्ट छिटक कर जेवर पहुंच गया। जिसके बाद अब स्थानीय संस्थाओ ने आगरा में इंटनेशनल एयरपोर्ट की मांग को तेज कर दिया है।


बता दें कि आगरा में इंटरनेशनल एयरपोर्ट बनाये जाने के वादे को केन्द्र व प्रदेश सरकार अमलीय जामा पहनाए उसके लिये नेशनल चैम्बर ने हस्ताक्षर अभियान चलाकर समर्थन जुटाना शुरू कर दिया है। आगरा की सामाजिक संस्थाऐं एक मंच पर आकर आगरा के हक की लड़ाई का ऐलान कर चुकी हैं। इनका आरोप है कि आगरा में दोनों सीटों पर भाजपा सांसद व नौ विधायक है लेकिन पर्यटन मंत्री महेश शर्मा ने अपनी पैरवी के चलते व्यापारियों को लाभ देने के लिये जेवर में एयरपोर्ट स्वीकृत करा लिया है।

वहीं आगरा में योगी सरकार सिविल टर्मिनल बनाकर अन्तर्राजीय उड़ान भरने की तैयारी में है। देखा जाए यदि आगरा में इंटनेशनल एयरपोर्ट बनता है तो पश्चिमी उत्तर प्रदेश को ही नहीं बल्कि पूर्वांचल के जिलों को भी लाभ होगा। आगरा से मध्यप्रदेश व राजस्थान के पर्यटन स्थल में इजाफा होगा लेकिन दिल्ली की टूरिज्म व होटल इन्डस्ट्रीज के हाईलेवल के कनेक्शन के चलते आगरा में इंटनेशनल एयरपोर्ट नहीं बन पा रहा है। भले ही सरकार दिल्ली की हवाई सेवाओं के लोड को कम करने का दावा कर रही हो लेकिन एक कड़वा सच यह भी है कि आगरा में एयरपोर्ट बनेगा तो दिल्ली के कई होटल व टूरिज्म इन्डस्ट्रीज पर सीधा प्रभाव पड़ेगा।