ऑस्टेलिया में हॉकी खेलने पहुंची खिलाड़ियों को नहीं मिली सुविधा

नई दिल्ली। फिल्म चक दे इंडिया जब रिलीज हुई थी तो उस फिल्म में महिलाओं के हॉकी खेलने और एसोशियेशन द्वारा मिलने वाली सुविधा की बात को फिल्म में दिखाया गया था। ठीक इस तरह भारत की वीमेन हॉकी टीम जब आस्ट्रेलिया में मैच खेलने पहुंची तो उनको भी वो सुविधाएं नहीं मिली जो मिलनी चाहिए थीं।

100-150 की संख्या में ऑस्ट्रेलिया पहुंची बच्चियों की टीम को जब मैच खेलने जाना था तो उन्हें कैब या गाड़ी की सुविधा नहीं दी गई। सुविधा ना मिलने से इनका मैच छुट गया। मैच ने खेल पाने से बच्चे काफी निराश हैं। कुछ लड़कियां इनमें से रोने भी लगीं। उनका कहना था कि मां-बाप ने बहुत पैसे-रुपए खर्च करके उन्हें यहां मैच खेलने भेजा है, लेकिन कैब ना मिलने की वजह से उनका मैच छुट गया।

 

इंडियन हाई कमीशन ने इन खिलाड़ियों के लिए सुविधा नहीं प्रदान की। इनमें से एक खिलाड़ी ललिता ने बताया कि उन्हें किसी भी तरह की सुविधा नहीं दी गई। ना उन्हें खाने की सुविधा मिली और ना ही उन्हें आने जाने की। कल हम तैयार होकर बैठे थे जाने के लिए, लेकिन ना बस मिली और ना ही किसी ने बताया कि कैसे जाना है और इसलिए हमारा मैच मिस हो गया। आज मेट्रो से आने में एक घंटा लग गया जिसके चलते मैच छुट गया।

कोच प्रदीप कुमार ने भी इस बात को बताया की दोनों दिन बस और गाड़ी की सुविधा ना मिलने से बच्चों का मैच छुट गया। अगर बस की सुविधा मिल जाती तो मैच नहीं छुटता। एक तरफ हमें सुविधाएं नहीं मिलती दूसरी तरफ हमसे बोला जाता है कि इंडिया हॉकी में जीतता क्यों नहीं है?