गाेंडा के गालीबाज मंत्री पंडित सिंह, देते हैं सरेआम धमकियां

गोंडा। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की सपा सरकार में गालियों व अपराधों के मामलों में गोण्डा ही नहीं बल्कि पूरे प्रदेश में गोण्डा सदर विधानसभा से सपा विधायक व अखिलेश सरकार के कृषि केबिनेट मंत्री विनोद कुमार सिंह उर्फ पंडित सिंह सर्वाधिक बदनाम हैं। चाहे वह चर्चित सीएमओ अपहरण काण्ड हो या फिर गोण्डा के प्रसिद्ध जूता व्यवसायी को धमकाने व गालियां देने का प्रकरण हो। जबकि इसी के चलते मंत्री को अपनी लालबत्ती भी गंवानी पड़ी थी। किन्तु अपराधों व विवादों से गहरा नाता रखने वाले मंत्री पंडित सिंह अभी भी अपनी इस रिश्तेदारी से न तो मुक्त हो पाए हैं और न ही आजतक वो अपनी जबान पर नियंत्रण ही कर पाए हैं जबकि चुनावी रंभेरियां बज चुकी हैं और मंत्री सपा प्रत्याशी के रूप में अपना विधानसभा क्षेत्र बदलकर जिले के तरबगंज विधानसभा से पुनः किस्मत आजमा रहे हैं।

जी हां हम बात कर रहे मंत्री पंडित सिंह के इसी आदत व फितरत के ताजा प्रकरण की। उनका साथ छोड़कर भाजपा के प्रत्याशी का समर्थन कर रहे केशवपुर पहाड़वा गॉव के रहने वाले एक कार्यकर्ता अखण्ड प्रताप सिंह को मंत्री पंडित सिंह ने जिस तरह गन्दी गालियां दी हैं उसे सुनकर जिले व प्रदेश की जनता ही नहीं सम्पूर्ण हिंदुस्थान का लोकतंत्र एकबार फिर शर्मशार होने को मजबूर हो गया है। मंत्री पंडित सिंह ने किस तरह गालियाँ एक सामान्य कार्यकर्ता व मतदाता को दी हैं। मंत्री की गालियां सुनकर आप भी दाँतों तले उंगलियां दबाने को मजबूर हो जाएंगे। मंत्री के ये प्रवचन सुनकर आप भी ये सोंचने को मजबूर हो जाएंगे कि क्या ऐसे ही लोगों की विधानसभा व विधायिका की परिकल्पना करके लाखों क्रांतिकारियों ने हिँदुस्थान की आजादी के यज्ञ में अपना सर्वस्व न्योछावर करके हमें स्वतंत्र हिंदुस्थान सौंपा था। गाेंडा में पंडित सिंह अपने रसूख और पद का इस तरह से इस्तेमाल करते हैं कि शहर में उनका दबदबा है, गांडा में कहा भी जाता है कि ना खाता ना बही, जौन पंडित सिंह कहें वही सही।

मंत्री के गालियों के इस ऑडियो में यह भी स्पष्ट है कि मंत्री पंडित सिंह जबरन एक मतदाता व कार्यकर्ता को अपने लिए कार्य करने को मजबूर करते हुए धमका भी रहे हैं जो निर्वाचन आयोग की नजर में एक बेहद गम्भीर अपराध माना जाएगा। अब देखना है कि ऐसे कृत्य के विरूद्ध मंत्री पर कौन क्या क्या कार्यवाही करता है।

 -विशाल सिंह