राजा पहाड़ी में स्थित शिव मंदिर की खास बात क्यों है लोगों की आस्था और विश्वास का केंद्र

गढ़वाल। गढ़वाल की पहाड़ियों में स्थित शिव मंदिर आस्था और विश्वास का केंद्र हैं। यहा लोग दूर-दूर से अपनी मुरादें मांगने आते हैं। जो काफी हद तक पूरी भी होती है। श्रीवंशीधर नगर में राजा पहाड़ी शिव मंदिर को आकर्षक ढंग से सजाया गया है। यहां एक बहुत ही शानदार मेले का भी आयोजन किया जाता है। यहां का श्रावणी मेला देखने योग्य होता है। बड़ी संख्या में सीमावर्ती राज्यों से भी श्रद्धालु यहां पहुचते हैं। अनुमंडल मुख्यालय में एनएच-75 से उत्तर दिशा में लगभग एक किलोमीटर की दूरी पर स्थित है राजा पहाड़ी शिव मंदिर। यह मंदिर श्रद्धालुओं के लिए आस्था और विश्वास का केन्द्र है।

बता दें कि प्रत्येक वर्ष सावन माह में बड़ी संख्या में श्रद्धालु सीमावर्ती उत्तर प्रदेश से और झारखंड से बाबा भोलेनाथ की पूजा-अर्चना करने आते हैं। श्रद्धालुओं का मानना है कि यहां पूजा करने से उनकी मन्नतें पूरी हो जाती हैं। सावन भर श्रद्धालुओं के आने-जाने का सिलसिला लगा रहता है। प्राकृतिक छटाओं से ओतप्रेत है राजा पहाड़ी स्थित शिव मंदिर। राजा पहाड़ी की चोटी पर बना भगवान शिव के मंदिर का स्थल मनोरम है और प्रकृतिक सुंदरता अद्भुत है।

यहां मंदिर के चारों तरफ हरियाली और मंदिर तक जाने के लिए बना पीसीसी पथ श्रद्धालुओं को सहसा अपनी ओर आकर्षित करता है। मंदिर निर्माण समिति द्वारा प्रत्येक वर्ष सावन महोत्सव का आयोजन किया जाता है। मंदिर निर्माण समिति द्वारा भगवान शिव का महारूद्राभिशेक किया जाता है, जो देखने लायक होता है। मंदिर निर्माण समिति द्वारा 1988 में वनांचल के जगत गुरु शंकराचार्य द्वारा मंदिर का शिलान्यास कराया गया था।