जानिए बाॅलीवुड में राष्ट्रीय पुरस्कारों के ऐलान से कौन है खुश, कौन नाखुश…

मुंबई। शुक्रवार को राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों की घोषणा के बाद जहां एक ओर राष्ट्रीय पुरूस्कार विजताओं में खुशी की लहर दौड़ गई वहीं दूसरी तरफ बाॅलीवुड में कई ऐसे लोग भी हैं जो इस बार के चयन से खुश नहीं हैं। इस साल राष्ट्रीय पुरस्कार के दावेदारों की लिस्ट में तीनों खान आमिर, सलमान और शाहरुख के अलावा अजय देवगन और मनोज वाजपेयी थे। आमिर खान को दंगल के लिए, तो सलमान को सुल्तान के लिए और शाहरूख फैन के लिए इस बार के पुरूस्कारों के लिए नाॅमिनेट हुए थे। सुनने में आया है कि अजय इस बार के पुरस्कारों के ऐलान के बाद कुछ नाखुश नजर आ रहे हैं, उनका कहना है कि शिवाय को सर्वश्रेष्ठ फिल्म का अवार्ड मिलना चाहिए था। वहीं हंसल मेहता की फिल्म अलीगढ़ में एक प्रोफेसर का रोल निभाने वाले मनोज वाजपेयी भी राष्ट्रीय पुरस्कार जीतने की उम्मीद कर रहे थे।

 

कहा जा रहा था कि महानायक अमिताभ बच्चन को पिंक में उनके किरदार के लिए पुरस्कार मिलेगा और एक्ट्रेस में सरबजीत के लिए ऐश्वर्या राय और उड़ता पंजाब के लिए आलिया भट्ट के जीतने के भी पूरे चांसेज हैं। इसके अलावा तापसी पन्नू पिंक के लिए आस लगाए बैठी थी, लेकिन आखिरकार तीनों खान सितारों और अजय, मनोज को पीछे छोड़ते हुए अक्षय कुमार ने बेस्ट एक्टर का पुरस्कार जीत लिया तो बाकी दावेदारों को मायूसी का सामना करना पड़ा। बाॅलीवुड के खिलाड़ी, अक्षय कुमार का या पहला राष्ट्रीय पुरस्कार है।

अलीगढ़ के निर्देशक हंसल मेहता नाखुशी जताने वालों में सबसे आगे आए हैं। उनका कहना है कि राष्ट्रीय पुरस्कारों में ‘अलीगढ़’ की अनदेखी की अनदेखी की गई है। बेस्ट फिल्म का खिताब जीतने वाली फिल्म नीरजा की टीम इस पुरस्कार से खुश है, लेकिन टीम को सोनम कपूर के लिए बेस्ट एक्ट्रेस अवार्ड की उम्मीदें भी थी।

सामाजिक मुद्दों पर बनी बेस्ट फिल्म का पुरस्कार जीतने वाली पिंक के निर्माता शुजीत सरकार को इस बात का अफसोस है कि एक वकील के रोल में अमिताभ बच्चन की अदायगी को अनदेखा किया गया। राष्ट्रीय पुरस्कारों की ज्यूरी के चेयरमैन और निर्देशक प्रियदर्शन ने ये कहकर अक्षय की जीत को और विवादित कर दिया कि उनको रुस्तम के अलावा एयरलिफ्ट के लिए भी नामांकित किया गया था और ज्यूरी ने दोनों फिल्मों में उनको बेस्ट एक्टर के लिए चुना था।