डायबिटीज को बढ़ने से रोकने के घरेलू उपाय जानने के लिए पढ़ें ये खास खबर

नई दिल्ली।  डायबिटीज, मधुमेह या शुगर आज कल ये बिमारी आम हो गई है। यह बिमारी आजकल युवा वर्ग से लेकर बच्चों तक अपना पैर पसार रही है। लोग इलाज के लिए परेशान हो रहे हैं। लगातार लोगों की भीड़ डॉक्टरों के यहां इसको लेकर चक्कर लगा रहे हैं। लेकिन अगर हम चाहें तो इस बिमारी पर कुछ घरेलू उपाय कर नियंत्रित कर सकते हैं। डॉक्टरों की दवाई के साथ अगर हम घरेलू उपाय करेंगे तो इस बिमारी से जल्द ही निजात पा जायेंगे। इसके साथ ही इस तरह आप डाइबिटीज को कंट्रोल में रखकर एक स्वस्थ जीवन जी सकते हैं।

तुलसी है अनमोल उपाय
तुलसी की पत्तियों का सेवन करना शुगर के मरीजों के लिए रामबाण है। तुलसी की पत्तियां एंटीऑक्सीडेंटस होने के साथ तैलीय होती हैं इनमें योग्नोल,मिथाइल यूगेनोल और केरियोफिलीन का उत्सर्जन होता है। इनकी पत्तियों के जरिए पैंक्रियाटिक बीटा कोशिकाओं को शरीर सक्रिय तौर पर काम करने में मदद मिलती है। अगर आप इनकी रोज 4 से 5 पत्तियों का रस खाली पेट लेते हैं तो आपका ब्लड शुगर का स्तर काफी कम रह सकता है।

अलसी का बीज भी लाभदायक
अलसी का बीज भी शुगर पीड़ितों के लिए लाभदायक होता है। इसमें फाइबर पाया जाता है। जिसके कारण आपके शरीर के फैट और शुगर का ठीक से अवशोषण होता है। अलसी के बीज को डाइबिटीज का रोगी अगर भोजन के बाद सेवन करता है तो उसके शुगर का स्तर काफी कम हो जाता है। यह शुगर के प्रतिशत को 28 प्रतिशत तक कम कर देता है। वैसे अलसी के बीज के चूर्ण का सेवन गरम पानी के साथ सुबह खाली पेट लेना काफी लाभदायक होता है।

बिलबेरी के पत्तियों के सेवन से होता है कंट्रोल
हम ही नहीं बल्कि आयुर्वेद में सदियों से बिलबेरी की पत्तियों का प्रयोग शुगर के स्तर के नियंत्रण में रखने के लिए किया जाता है। बिलबेरी की पत्तियों में एंथोसियानइदीन की मात्रा पाई जाती है। जिसमें ग्लूकोज संचालन के साथ शरीर में विभिन्न प्रोटीन की कार्यक्षमता को बढ़ा देता है। इसके साथ ही शरीर में मौजूद शुगर के स्तर को इसका रस काफी कम करने में सहायक होता है।

दालचीनी है रामबाण
दालचीनी का नाम तो हर इंसान ने सुना होगा। सब्जियों में प्रयोग होने वाले इस मसाले से सभी परिचित हैं। लेकिन डायबिटीज के रोगियों के लिए रामबाण है। दालचीनी इन्सुलिन की संवेदनशीलता को बढ़ाता है। इसके साथ ही रक्त से ग्लूकोज के स्तर को कम करता है। रोज आधा टी स्पून दालचीनी का सेवन करने से इन्सुलिन की संवेदनशीलता बढ़ती है। इसके अलावा शरीर का वजन भी नियंत्रित रहता है। इसके साथ ही इसमें ह्रदय रोग की संभावना कम हो जाती है। शुगर के स्तर को कम रखने के लिए खाने में दालचीनी का प्रयोग करना जरूरी है।

ग्रीन टी भी है शुगर को रोकने में सहायक
चाय पीने के शौकीनों को शुगर से बचने या फिर इसके स्तर को कम करने के लिए ग्रीन टी का सेवन करना बहुत ही उपयोगी रहता है। क्योंकि ग्रीन टी अन्फर्मेंट होती है, इसलिए इसमें पॉलीफिनॉल पाया जाता है। पॉलीफिनॉल एक तरह का एंटीऑक्सीडेंट और हायपो ग्लास्मिक यौगिक जिससे ब्लड शुगर कंट्रोल में रहता है। इसके साथ ही यह शरीर में इन्सुलिन को नियंत्रण में भी रखता है।

इसके साथ ही अन्य घरेलू उपाय है। जिनको किसी वैद्य या डॉक्टर से सलाह लेकर आ अपना सकते हैं। इसके साथ ही आप नियमित दवा का उपयोग करें।