बारिश ने बढ़ाए सब्जियों के दाम, टमाटर हुए 70 रूपये किलो

वाराणसी। धर्म नगरी काशी में मानसूनी बारिश से हरी सब्जियों ने आंखे तरेरना (दाम बढ़ना) शुरू कर दिया है। टमाटर का भाव तिगुना होकर 70-80 रूपये प्रति किलो के आस-पास पहुंचा, वहीं परवल भी ढ़ाई गुना दाम 40 से 45 रूपये प्रति किलो पर पहुंच गया है। गनीमत है कि आलू और प्याज का दाम 10 से 15 रूपये किलो ही है जिससे गरीबों और मध्यम वर्ग के थाली में सब्जी को जगह मिल जा रही है।

बता दें कि गुरूवार को आलू, प्याज, बैगन और तोरई को छोड़ हरी सब्जियों के दाम करीब दोगुना तो टमाटर तीन गुने दाम पर बिक रहा था। पांडेयपुर, चौकाघाट पुल, चन्दुआ में परवल 40 रूपये प्रतिकिलो, टमाटर 70-75 रूपये प्रतिकिलो, शिमला मिर्च 45-50 रूपये, हरी मिर्च 40 रूपये, प्याज 10-15 रूपये, करेला 25-30 रूपये प्रति किलो, भिंडी 25-30 रूपये प्रति किलो, पालक 30 से 35 रूपये प्रति किलो रहा।

वहीं बाजार में सब्जियों के दाम में उछाल देख ज्यादातर लोग आलू, प्याज, भिड़ी, करेला, पालक, मूली खरीदने पर ही जोर देते रहे। चौकाघाट वरूणापुल पर सब्जी बेच रहे पिंटु सोनकर ने बताया कि बारिश के कारण पहाड़ियां मंडी में हरी सब्जियों का आवक कम है। जिससे दामों में उछाल है। ग्रामीण अंचल से भी माल कम आ रहा है। बारिश से सब्जियों की फसल खराब हो जाती है। हुकुलगंज के सब्जी व्यापारी मदन सोनकर और नत्थु सोनकर ने बताया कि बारिश से मंडी में सब्जियों के आवक कम होने से हमें बढ़े दाम पर सब्जी खरीदनी पड़ रही है।

साथ ही चौकाघाट में ही सब्जी खरीद रही गृहणी आशा जायसवाल, प्रेमा, और मनोरमा यादव ने बताया कि हरी सब्जियों का दाम बढ़ जाने से भोजन की थाली बेस्वाद हो गयी है। आलू प्याज से राहत है लेकिन टमाटर शिमला मिर्च, हरी धनिया, लौकी, परवल का दाम बढ़ने से हमे गृहस्थी चलाने में परेशानी हो रही है। उनहोंने बोला कि बारिश में तो सब्जियों का दाम थोड़ा बढ़ता ही है, लेकिन आढ़ती और ठेले वाले इसके आड़ में दो से तीन गुना अधिक दाम पर सब्जी बेच जनता को लूट रहे हैं। गृहणियों का मानना है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जमाखोर आढ़तियों के खिलाफ कार्यवाही करवायें तो सब्जियोंं का दाम पहले जैसा हो जायेगा।