प्रधानमंत्री आर्थिक सलाहकार परिषद बैठक: रोजगार, आर्थिक विकास पर दिया जोर

नई दिल्ली। अगले छह महीने में सरकार का पूरा ध्यान आर्थिक विकास की गति को तेज करने और रोजगार के अवसर बढ़ाने में होगा। ये मुद्दा प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार परिषद की पहली बैठक में चर्चा में आया। विख्यात अर्थशास्त्री बिबेक देबरॉय की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में देश के वर्तमान राजकोषीय, वित्तीय एवं मौद्रिक वातावरण पर विचार किया गया। साथ ही इन क्षेत्र के नीतिगत मुद्दों को चिन्हित किया गया, जिन पर अगले छह महीने में ज्यादा ध्यान देना होगा।

बता दें कि बैठक में मुख्य आर्थिक सलाहकार डॉ. अरविंद सुब्रह्मणम ने अपनी प्रस्तुति दी, जिसमें देश के आर्थिक विकास की गति बढ़ाने पर ध्यान देने की बात की गई। साथ ही इसके लिए निवेश बढ़ाने और निर्यात वृद्धि के लिए आवश्यक कदम उठाने पर बात हुई। इसके लिए नीतिगत प्रयासों को लेकर भी चर्चा हुई।

वहीं प्रधानमंत्री की इस आर्थिक सलाहकार परिषद ने 10 बातों पर चर्चा की, जिन्हें आने वाले समय के लिए लागू किया जाना है। इन 10 बातों को परिषद की रिपोर्ट में सम्मिलित किया जाएगा। इसके साथ क्षेत्रानुसार समूह निर्माण पर जोर दिया गया, जिसमें हर क्षेत्र के समूह में संबंधित मंत्रालय, राज्य, विशेषज्ञ, संस्थान, निजी क्षेत्र एवं अन्य लोगों को शामिल किया जाएगा।

साथ ही आर्थिक सलाहकार परिषद की 10 प्रमुख बातों में आर्थिक विकास, रोजगार, अनौपचारिक क्षेत्र, वित्तीय फ्रेमवर्क, मौद्रिक नीति, सरकारी खर्च, आर्थिक सुशासन, कृषि एवं पशुपालन, उपभोग प्रक्रिया एवं सामाजिक क्षेत्र को सम्मिलित किया गया है। इसके अलावा एक प्रभावी व्यवस्था निर्मित करने पर जोर दिया गया, जिससे आर्थिक परिवेश पर निगरानी रखी जा सके।