निर्भया के मिले फंड से लगेंगे दिल्ली की बसों में कैमरे

नई दिल्ली। राजधानी में महिला सुरक्षा के इंतजाम पुख्ता करने के उद्देश्य से दिल्ली की आप सरकार ने निर्भया फंड के माध्यम से सार्वजनिक परिवहन प्रणाली के तहत आने वाली सभी बसों में सीसीटीवी कैमरे लगवाने का निर्णय लिया है।

मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई मंत्रिमंडल की बैठक में इस प्रस्ताव को हरी झंडी दिखायी गई। इसके तहत केन्द्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्रालय द्वारा निर्भया फंड के तहत जारी अनुमानित 140 करोड़ की लागत से दिल्ली परिवहन निगम (डीटीसी) और दिल्ली मल्टी मॉडल ट्रांजिट सिस्टम (डिम्टस) के तहत चलने वाली 6350 बसों में तीन-तीन कैमरे लगाए जाएंगे। इसके अलावा इस धनराशि के माध्यम से कैमरों की मॉनिटिरिंग, फुटेज की निगरानी व डाटा स्टोरेज के लिए भी नियंत्रण केंद्र बनाया जाएगा।

इस संबंध में दिल्ली सरकार के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि परिवहन विभाग द्वारा पेश किये गये इस प्रस्ताव में मुख्यमंत्री ने खासी रूचि दिखायी और इससे संबंधित सारी जानकारी प्राप्त करके इसे स्वीकृति दे दी। जल्द डीटीसी इसके लिए खुली अन्तरराष्ट्रीय निविदा जारी करेगा। उन्होंने कहा कि पायलेट प्रोजेक्ट के तहत डीटीसी की 200 बसों में पहले ही सीसीटीवी कैमरे लगाये जा चुके हैं। सरोजनी नगर और राजघाट डिपो की इन बसों में सीसीटीवी कैमरे के डाटा को 15 दिन तक सुरक्षित रखा जा रहा है। आने वाले दिल्ली में सभी बसें सीसीटीवी कैमरों से लैस कर दी जायेंगी।

अधिकारी ने कहा कि केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने राष्ट्रीय स्तर की वाहन सुरक्षा और ट्रैकिंग प्रणाली परियोजना के तहत सीसीटीवी कैमरों के लिए डिटेल्ड स्पेशिफिकेशन जारी किये हैं। जिसके तहत बसों में लगाये जाने वाले कैमरों की गुणवत्ता या तो डिटेल्ड स्पेशिफिकेशन में तय गुणवत्ता के बराबर हो या उससे उच्च हो।

बता दें कि 16 दिसंबर 2012 को हुए निर्भया कांड के बाद केंद्र सरकार ने महिला सुरक्षा बेहतर करने के लिए निर्भया फंड की व्यवस्था की थी। जिसके तहत दिल्ली सरकार को 140 करोड़ रुपये दिए गए हैं।