…जब सचिन को देखते रह गए थे धौनी

नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट इतिहास के सफलतम कप्तानों में से एक महेंद्र सिंह धौनी जब पहली बार राष्ट्रीय टीम का हिस्सा बने थे तो वह ‘क्रिकेट के भगवान’ कहे जाने वाल सचिन तेंदुलकर को देखते ही रह गए थे और उनसे मिलते हुए थोड़ा घबराए हुए भी थे। अपने जीवन पर बन रही फिल्म ‘एम.एस. धौनी- द अनटोल्ड स्टोरी’ के ट्रेलर लांच के मौके पर गुरुवार को यहां धौनी ने यह खुलासा किया।

Dhoni

भारत के विश्व विजेता कप्तान ने एक किस्से का जिक्र करते हुए कहा, “सचिन हमारे लिए भगवान हैं। जब मैं अपनी पहली श्रृंखला खेलने गया, जो बांग्लादेश के खिलाफ थी, तो हमारी टीम की बैठक थी, सचिन उसमें थे और मैं सचिन को बार-बार देखे जा रहा था।”

भारत के सीमित ओवरों के कप्तान ने कहा, “श्रृंखला जल्द खत्म हो गई थी। मुझे मुश्किल से टीम के बड़े खिलाड़ियों से मिलने का समय मिला।”

धौनी ने दिसंबर 2004 में बांग्लादेश के खिलाफ चटगांव में अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण किया था। धौनी इस मैच में बिना खाता खोले रन आउट हो गए थे। भारत ने यह मैच 11 रनों से जीता था। सचिन के सामने नर्वस होने वाले धौनी बाद में राष्ट्रीय टीम के कप्तान बने और उन्हीं की कप्तानी में भारत ने 2011 में 28 वर्षो का सूखा खत्म करते हुए और भारतीय क्रिकेट इतिहास के महानतम खिलाड़ी सचिन के स्वप्न को पूरा करते हुए विश्व कप अपने नाम किया। इससे पहले धौनी की ही कप्तानी में भारत ने 2007 में पहले टी-20 विश्व कप पर कब्जा जमाया था।

झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले धौनी ने रांची के ही श्यामली में स्थित डीएवी जवाहर विद्या मंदिर से प्राथमिक शिक्षा हासिल की है। धौनी अपने स्कूल में बतौर गोलकीपर फुटबाल खेलते थे, लेकिन स्कूल कोच ने उन्हें क्रिकेट में विकेटकीपर बनने की सलाह दी जिसके बाद धौनी ने विकेटकीपिंग पर ध्यान दिया। धौनी ने कहा, “मेरे स्कूल कोच ने मुझसे कहा था कि क्रिकेट की गेंद काफी छोटी होती है और दस्ताने बड़े, और फुटबाल काफी बड़ी होती है और हाथ छोटे, इसलिए विकेटकीपिंग करो।”

धौनी के जीवन पर आधारित फिल्म में उनका किरदार अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत निभा रहे हैं। यह फिल्म 30 सितंबर को रिलीज हो रही है जिसके ट्रेलर लांच के मौके पर फिल्म के निर्मात अरुण पांडेय, फिल्म के निर्देशक नीरज पांडेय और फॉक्स स्टार स्टूडियो इंडिया के मुख्य कार्यकारी अधिकारी विजय सिंह भी मौजूद थे।