चीन में ईसा मसीह की जगह शी जिनपिंग तस्वीर लगाने का

बीजिंग। जियांगशी प्रांत के युगान जिले में ईसाइयों को ईसा मसीह की जगह राष्ट्रपति शी जिनपिंग की तस्वीर लगाने के लिए दबाव बनाया जा रहा है। यह जानकारी बुधवार को मीडिया रिपोर्ट से मिली। चीन की सबसे बड़ी साफ पानी की झील पोयांग के किनारे बसे इस गांव को यहां रहने वाले सबसे ज्यादा ईसाइयों की संख्या और उनकी गरीबी के लिए पहचाना जाता है। यहां की 10 लाख की आबादी में से 11 प्रतिशत लोग देश की आधिकारिक गरीबी रेखा के नीचे जी रहे हैं।

Shi Jinping
Shi Jinping

बता दें कि वाशिंगटन पोस्ट की एक खबर के अनुसार गांव के लोगों ने अपनी मर्जी से ईसाइ धर्म की बातें बताते 624 पोस्टर्स हटा दिए हैं और उनकी जगह शी जिनपिंग की 453 तस्वीरें लगा दी हैं। बेहद छोटे स्तर पर हो रहे इस काम ने माओ झडोंग की याद दिला दी, जिनकी तस्वीर कम्यूनिस्ट देश के हर घर में नजर आती है।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार युगान काउंटी में हाजारों ईसाइ परिवारों को स्थानीय अधिकारियों ने कहा है कि यीशु उन्हें गरीबी से बाहर नहीं निकालेंगे और ना ही बीमारियों का इलाज करेंगे। अगर उन्हें इन मुसीबतों से बचना है तो कम्यूनिस्ट पार्टी ऐसा कर सकती है और इसके लिए लोगों को यीशु की तस्वीर हटाकर राष्ट्रपति शी जिनपिंग की तस्वीर लगानी चाहिए। शी जिनपिंग के फिर से चीन के राष्ट्रपति बनने के बाद उनके विचारों को देश के संविधान में जगह दी गई है, लेकिन अब खबर है कि उन्हें भगवान बनाने की कोशिशें हो रहीं हैं।