महिला सुरक्षा के वादे खोखले

गोण्डा। गम्भीर अपराधों के दो दर्जन मुकद्दमों का आरोपी हिस्ट्रीशीटर मनकापुर पुलिस के शह पर क्षेत्र में छुट्टा घूम रहा है और गम्भीर अपराधों को धुआंधार खुल्लमखुल्ला अंजाम दे क्षेत्रवासियों को भयभीत करता फिर रहा है। यही नहीं वो धड़ल्ले से अवैध कार्यों का धन्धा भी करता फिर रहा है, इसमें मनकापुर पुलिस बकायदा हिस्सेदारी भी करती और गलबहियां भी करती है। शायद इसका खुलासा भी न होता किन्तु यह बात तब सामने आयी जब इसी के अत्याचार से पीड़ित एक व्यवसायी परिवार ज़िले के एसपी से गुहार लगाने पुलिस कार्यालय पहुंचा। नवाबगंज रोड पर मनकापुर कोतवाली के निकट स्थित बनगहा गॉव निवासी सरिया सीमेन्ट व्यवसायी विकास जायसवाल की भाभी को अजय सिंह नाम के इसी हिस्ट्रीशीटर ने बुरी तरह मारपीटकर कपड़े फाड़कर सरेआम अर्धनग्न कर डाला।

बीच बराव कराने आयी विवाहिता की वृद्ध सास को इतनी बुरी तरह मारा कि उसका हाथ भी टूट गया। विवाहिता का आरोप है कि हिस्ट्रीशीटर ने उसके साथ रेप करने का भी प्रयास किया, इसके जाँघों आदि सहित अनेकों नाजुक जगहों पर घातक चोट के निशान हैं। हिस्ट्रीशीटर के मनकापुर पुलिस से मधुर सम्बन्धों का ये आलम है कि जब पीड़ित ने 1090 व डॉयल 100 पर कॉल किया तब कहीं कोतवाली में एफआईआर दर्ज हो पाया। इससे पूर्व शिकायत लेकर पहुंची पीड़ित महिलाओं को कोतवाल सदाकान्त सिंह ने धमकाकर भगा दिया था। हिस्ट्रीशीटर से पुलिसिया यारी का ये प्रमाण है कि घटना के पांच दिन बीतने को हैं किंतु घायल महिलाओं का पुलिस ने मेडिकोलीगल तक नहीं कराया है।
महिला सुरक्षा व अधिकारों के शासन व सरकारों के दम्भ व दावों के पोल खोलती ये महिलाएं गोण्डा ज़िले के एसपी कार्यालय में भटक रही हैं। ज़िले के मनकापुर कोतवाली क्षेत्र के एक व्यव्यई परिवार की इन महिलाओं को क्षेत्र के ही एक हिस्ट्रीशीटर दबंग अजय सिंह ने जमकर पीटा है। अजय सिंह की बुरी नज़र इनकी जमीन पर ही नहीं बल्कि इसके घर की महिलाओं पर भी है। इस व्यसायी परिवार की ज़मीन पर जबरन कब्जा करने कीं नीयत से अजय अक्सर इन्हें धमकाता रहता था। किंतु पांच दिन पूर्व हिस्ट्रीशीटर इस परिवार की महिलाओं पर कहर बनकर टूट पड़ा। परिणाम यह हुआ कि जहां वृद्धा का हाथ टूट गया वही इस सम्भ्रान्त घर की युवा बहू के अंगों जाँघों आदि पर घातक चोटें ही नहीं आईं बल्कि उसके कपड़े फाड़कर हिस्ट्रीशीटर अजय ने इसे अर्धनग्न भी कर डाला और इसका बलात्कार भी करने का प्रयास किया।

पीड़ित विकास जायसवाल ये बातें बताते हुए जहां कह रहा है कि जनपद बहराइच निवासी क्रिमिनल अजय सिंह सरकारी वन सम्पत्तियों के कटानकर पुलिसिया बंदरबांट से उनका अवैध व्यवसाय करता है और उसी के चलते कोतवाली पुलिस से नजदीकियों के कारण पुलिस उसे सहयोग करती है। यही नहीं 1090 व यूपी 100 के माध्यम से दर्ज एफआईआर की पैरवी करने से नाराज़ मनकापुर कोतवाल हिस्ट्रीशीटर के विरूद्ध कार्यवाही करने के बजाए उलटे उसे ही धमकाते हुए कहते हैं कि उनके तरफ लाश गिर जाऐगी। वहीं मनकापुर सीओ विजय आनन्द रटे रटाए अंदाज़ में मात्र जांच कराकर कार्यवाही करने की बात कहकर बस पल्लू झाड़ते दिख रहे हैं।

फिलहाल इस घटना न सिद्ध कर दिया कि शासन, प्रशासन व सरकारें महिला सुरक्षा व अधिकारों के कितने भी दावे कर लें किन्तु ग्राउंड ज़ीरो पर जबतक पुलिस व कर्मचारी महिला सुरक्षा व संरक्षा हेतु ईमानदार व निष्ठावान नहीं होंगे तबतक सबकुछ बस ढाक के तीन पात ही साबित होंगे।

विशाल सिंह, संवाददाता