शराबबंदी और नशामुक्ति के खिलाफ नहीं बुझेगी ज्योत : मुख्यमंत्री

पटना। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपने निश्चय यात्रा के 9वें चरण के दूसरे दिन औरंगाबाद से गया जिले के आमस प्रखण्ड अंतर्गत क्रमडीह पंचायत के ग्राम सुग्गी पहुंचे और वहां खुले में शौच से मुक्त, हर घर-नल का जल, गली-नाली एवं हर घर बिजली योजना का निरीक्षण किया। यहां सीएम ने फ्लोराइड शोधन यंत्र युक्त मिनी पाइप जलापूर्ति योजना का शुभारंभ किया, जिसके माध्यम से 126 घरों में नल का स्वच्छ जल पहुंच रहा है।

मुख्यमंत्री ने यहां जीविका दीदियों एवं आमजनों को संबोधित करते हुए कहा कि गत वर्ष 9 नवम्बर से निश्चय यात्रा की शुरूआत चम्पारण से की थी। सामाजिक अभियान चलाकर बिहार में शराबबंदी लागू की गयी है। उन्होंने कहा कि 1 अप्रैल 2016 से ग्रामीण क्षेत्रों में पूर्ण शराबबंदी लागू इसके बाद 5 अप्रैल 2016 से शहरो में भी पूर्ण शराबबंदी लागू हो गयी। उन्होंने कहा कि शराबबंदी का व्यापक असर हुआ है और समाज में माहौल ठीक हो गया है। शराबबंदी के पूर्व लोग अपनी गाढ़ी कमाई का ज्यादातर पैसा शराब में गवां देते थे। घर में झगड़ा-झंझट का माहौल रहता था, अब शराब बंद होने के बाद वही लोग घर में मुस्कुराते हुए आते हैं और शाम को सब्जी भी लाते हैं। शराब के प्रति सरकार पूरी तरह सजग है इसे सख्ती से रोकेगी और यदि सरकारी तंत्र में भी कोई लोग दोषी पाया जायेगा तो उन्हें ना केवल नौकरी से निकालने की कार्रवाई की जायेगी बल्कि कानूनी कार्रवाई भी होगी। उन्होंने कहा कि 21 जनवरी को शराबबंदी और नशामुक्ति के पक्ष में मानव शृंखला बनी, 11 हजार किलोमीटर में दो करोड़ लोगों के शामिल होने का लक्ष्य था।

लोगों में इतना उत्साह था कि जो रूट तय नहीं थे, उस पर भी लोग शृंखला बनाकर कई लाइनों में खड़े हो गये। बाद में जो जानकारी मिली तो दो करोड़ के बदले चार करोड़ लोग ने मानव शृंखला में हिस्सा लिया । यह कोई मामूली बात नहीं है। बिहार के लोगों ने शराबबंदी और नशामुक्ति के पक्ष में अपनी एकता प्रदर्शित कर दी। उन्होंने कहा कि सामाजिक चेतना से अच्छा काम होता है और यदि सावधानी हटेगी तो दुर्घटना हो सकती है, किन्तु दुर्घटना होने नहीं देना है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि गया की धरती अद्भुत धरती है। मैं इस धरती को नमन करता हूं और आप सबका हृदय से अभिनन्दन करता हूं। उन्होंने कहा कि एक तरफ यह धरती ज्ञान की भूमि है और दूसरी ओर मोक्ष की, यह ऐतिहासिक भूमि है। यहां अभी परम पावन दलाई लामा ने कालचक्र पूजा की। कालचक्र पूजा का भव्य एवं शानदार आयोजन हुआ। उन्होंने कहा कि 14 जनवरी को वे भी बोधगया पहुंचे थे। परम पावन दलाई लामा ने बातचीत में तथा बाद में पत्र भेजकर सफल आयोजन में सहयोग के लिये शुभकामना दी। उन्होंने कहा कि कालचक्र पूजा में 1 लाख 75 हाजर लोग शामिल हुये और 92 देशों के लोगों ने हिस्सा लिया, यह अदभुत चीज है। यह सभी लोग पूजा के लिये आये थे किन्तु बिहार के लोगों के सहयोग और प्रशासन के सहयोग की भूरि-भूरि प्रशंसा की। उन्होंने इसके लिये गया के तमाम लोगों को बधाई दी।

मुख्यमंत्री ने पंचायत सरकार भवन का किया लोकार्पण, गांव में घूम-घूम कर लिया जायजा

मुख्यमंत्री ने औरंगाबाद के दो दिवसीय दौरे के क्रम में रविवार की सुबह ओबरा प्रखण्ड के उब गांव पहुंचे। निश्चय यात्रा के क्रम में उन्होंने यहां का दौरा किया और सभी योजनाओं का गांव के मुख्य द्वार पर फीता काटकर उद्घाटन किया। इसमें हर घर नल का जल, पक्की गली-नाली, हर घर बिजली आदि शामिल है। मुख्यमंत्री ने उद्घाटन करने के बाद गांव में योजनाओं का निरीक्षण किया और लोगों से बातचीत की। इस अवसर पर रफीगंज के विधायक अशोक कुमार सिंह, ओबरा विधायक वीरेन्द्र कुमार सिन्हा, कुटुंबा विधायक राजेश कुमार, औरंगाबाद के विधायक आनंद शंकर सिंह, पूर्व विधायक श्रीमती रेणु देवी, प्रमोद चंद्रवंशी सहित अन्य लोग भी मौजूद थे।