उत्तराखंड का नौगांव बना पहला धुंआ मुक्त गांव

देहरादून। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और पेट्रोलियम मंत्रालय की उज्जवला योजना के तहत पूरे भारत में ग्रामीण इलाकों में एलपीजी गैस कनेक्शन उपलब्ध कराए गए हैं। इस कड़ी में पेट्रोलियम मंत्रालय ने देश में कई गांवों को गोद लेकर धुआं मुक्त कराने का बीड़ा भी उठाया है। देवभूमि उत्तराखंड में गढ़वाल मंडल के मुख्यालय पौड़ी से महज 40 किलोमीटर दूर एक गांव भी इस योजना में चयनित था। इस गांव 116 परिवार थे। इस गांव नौगांव में जुड़ा सूबे के उच्च शिक्षा राज्यमंत्री डॉ.धन सिंह रावत से भी है। ये गांव रावत का है इस योजना में शामिल होने से रावत काफी खुश और उत्साहित थे। अब ये गांव जल्द ही धुंआ रहित होने के साथ देवभूमि का पहला धुआं रहित इलाका और गांव बन जाएगा।

तेल एवं प्राकृतिक गैस निगम की ओर से प्रधानमंत्री उज्जवला योजना के तहत इस गांव के 75 परिवारों को निश्शुल्क चूल्हा और गैस का कनेक्शन दिया गया है। केन्द्र सरकार की इस योजना के तहत उत्तराखंड में डेढ़ लाख बीपीएल परिवारों को गैस कनेक्शन दिए जा चुके हैं। ये गांव थलीसैण विकासखंड के अन्तर्गत आता है। इस गांव में कुल 119 परिवार रहते हैं। जिसमें 7 परिवार बीपीएल श्रेणी के अन्तर्गत पात्र थे। लेकिन इस गांव को पैट्रोलिएम मंत्रालय ने गोद लिया था। अब इस गांव में पहले 37 लोगों के पास गैस कनेक्शन थे। लेकिन शेष 75 के पास ये सुविधा नहीं थी। अब इन बचे लोगों को मंत्रालय की ओर से ये सुविधा मुहैया करा दी गई है।

इस बारे में राज्य के उच्च शिक्षा मंत्री और इस गांव के रहने वाले डॉ धन सिंह रावत बताते है कि इस बारे में उन्होने प्रयास कर पैट्रोलिएम मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान से बात की और इस गांव को इस योजना में शामिल करने का आग्रह किया। जिसके बाद विभाग ने उनके गांव का चयन किया। आज विभाग के प्रयास के चलते इस गांव में वंचित लोगों को गैस कनेक्शन मिल सकता है। आने वाले पखवाड़े में यह गांव धुंआ मुक्त हो जायेगा। क्योंकि यहां के हर परिवार के पास अपना गैस कनेक्शन होगा।