कांग्रेस ने बनाई सड़क पर उतरने की रणनीति, किसानों की कर्ज माफी को लेकर किया फैसला

भिवानी। 2019 के चुनाव को देखते हुए हरियाणा कांग्रेस के नेताओं ने अपनी सक्रियता बढ़ानी शुरू कर दी है। जिसके चलते ये नेता समसामयिक मुद्दों को आधार बनाकर कार्यकर्ताओं के माध्यम से अपना दमखम दिखाने के लिए कदम बढ़ाते नजर आ रहे हैं। इसी के चलते पूर्व संसदीय सचिव रामकिशन फौजी ने दस जुलाई को होने वाले शक्ति प्रदर्शन करने की भूमिका तैयार कर ली है। जिसके चलते दस जुलाई को भिवानी कांग्रेस के नेता कांग्रेस विधायक दल के नेता किरण चौधरी के नेतृत्व में किसानों की कर्ज माफी को लेकर बड़ा प्रदर्शन करेंगे व उपायुक्त के माध्यम से देश के सर्वोच्च संविधान पदों पर बैठे नुमाईंदों को कर्ज माफी की गुहार लगाएंगे।

बता दें कि रविवार इसी मुद्दे को लेकर भिवानी स्थित अपने निवास स्थान पर पूर्व सीपीएस ने कार्यकर्ताओं व किसानों को दिशा-निर्देश दिए। पत्रकार वार्ता में पूर्व मुख्य संसदीय सचिव रामकिशन फौजी ने कहा कि स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट को लागू करने के मुद्दे पर किसानों के वोट लेकर सत्ता में आई भारतीय जनता पार्टी आज किसानों की फसलों के दाम न देकर उनकी कमर तोड़ रही है, जिसके चलते किसान देश भर में आत्महत्या कर रहे हैं। इसी को देखते हुए हरियाणा सरकार कर्ज माफी करें। इसको लेकर दस जुलाई से किसानों के समर्थन में कांग्रेस आंदोलन करेगी। यदि फिर भी सरकार उनकी बात को नहीं मानती है तो वे मुख्यमंत्री आवास के सामने भूख हड़ताल करेंगे। उन्होंने कहा कि पंजाब की कांग्रेस सरकार, महाराष्ट्र व यूपी की भाजपा सरकार ने भी किसानों के कर्जे माफ करने का काम किया है, फिर कृषि प्रधान हरियाणा के मुख्यमंत्री को किसानों व मजदूरों के कर्जे माफ करने से परहेज क्यो है।

वहीं रामकिशन फौजी ने न केवल बीजेपी को घेरा, बल्कि इनेलो को भी एसवाईएल के मुद्दे पर घेरते हुए कहा कि बादल की चौटाला परिवार से दोस्ती है, ऐसे में बादल की बसों को इनेलो एसवाईएल के मुद्दे पर कैसे रोकेगी। गौरतलब है कि इनेलो ने दस जुलाई से पंजाब से हरियाणा में प्रवेश करने वाली बसों को रोकने की योजना बनाई है, ताकि एसवाईएल का पानी हरियाणा को दिए जाने का दबाव पंजाब पर बनाया जा सकें। उन्होंने कहा कि इनेलो, बीजेपी की बी-टीम के रूप में काम कर रही है। एक तरफ तो एसवाईएल के नाम पर राजनीति कर रही है और दूसरी तरफ राष्ट्रपति पद के भाजपा उम्मीवार को समर्थन दे दिया है।

साथ ही रामकिशन फौजी ने जीएसटी के मुद्दे पर साफ कहा कि कांग्रेस के कार्यकाल में जो प्रारूप जीएसटी का तैयार किया गया था, वे उसके समर्थन में है। परन्तु वर्तमान भाजपा सरकार ने जीएसटी पर लगने वाले प्रारूप को बदलकर टैक्स दरों को ऊंचा करके लोगों की कमर तोड़ने का काम किया है। इसीलिए कांग्रेस मजबूरन जीएसटी का विरोध कर रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार में मैने खरक-कलिंगा गांव के लड़के-लड़कियों के लिए आईटीआई मंजूर करवाई थी, ताकि वहां के बच्चों का भविष्य सुधर सकें। लेकिन मौजूद सरकार वहां आईटीआई स्थापित नहीं करवाना चाहती। उसी वक्त मैने खरक में द्वितीय जलघर मंजूर करवाया था, लेकिन वो भी आज तक नहीं बन पाया है। जिससे साफ जाहिर होता है कि भाजपा की मंशा प्रदेश का विकास करवाने की नहीं है।