फतेहपुर में चेचक का कहर,एक बच्ची की मौत

फतेहपुर। स्वास्थ विभाग के अथाव प्रयासों के बावजूद भी कही न कही कोई कमी रह जाती है। एक तरफ विभाग गांव-गांव जाकर स्वास्थ शिविर लगा कर लोगों के स्वास्थ की जांच कर रहा हैं। तो कही इस विभाग की नजर न पड़ने के कारण चेचक जैसी जानलेवा बीमारी का प्रकोप का खामियाजा भुगतना पड़ रहा है।

इस इस गाँव में लग भग एक दर्जन से अधिक लोग चेचक की बीमारी से मुबतीला है। यही नहीं इस बीमारी ने एक मासूम को भी हमेशाह हमेशाह के लिए मौत की नीन्द सुला दिया है। मौत के बाद ग्रामीणों की नीन्द टूटी और एक सप्ताह के बाद डाक्टरों को बीमारी की सूचना दी। तब जाकर बीमारों उपचार मिल सका। यह मामला फतेहपुर जिले के हथगांव के टिकरी गांव का हैं।

पूरा मामला उत्तर प्रदेश फतेहपुर जिले के थाना हुसैन गंज क्षेत्र के टिकरी टिकरी गांव है जहां निवासी संजय यादव जिसकी बच्ची के चेचक निकले हुए थे पिछले एक सप्ताह से गांव में ही नीम हकीमो का इलाज करा रहा था,लेकिन उससे बेटी को कोई फायदा नहीं मिल रहा था,बुधवार को अचानक संजय की बेटी का देहांत हो गया। इसकी जानकारी जब मीडिया को मिली तो गांव जाने के बाद सामने जो तस्वीर आयी आप खुद देख रहे हैं। पूरे गांव में चेचक जैसी जानलेवा बीमारी ने एक नहीं दो नहीं बल्कि एक दर्जन से अधिक लोगो को अपनी चपेट में ले रखा हैं।

यह सारे लोग पिछले एक सप्ताह से नीम हकीमो के इलाज के चक्कर में पड़े हुए थे। संजय ने अपनी बच्ची को खो दिया लेकिन स्वास्थ विभाग तक जानकारी पहुंचाकर और बच्चो का जीवन बचा लिया,लेकिन बड़ा सवाल ये है की आखिर इस गांव में इतने लोग बीमार पिछले एक हफ्ते से जिंदगी और मौत की सांसे गिन रहे है,लेकन स्वास्थ विभाग को इसकी कोई जानकारी नहीं। इस मासूम की मौत के बाद स्वास्थ विभाग जाग जाएगा अगर समय से सरकारी सेवाएं संजय की बेटी को मिल जाती तो शायद उसकी जान को बचाया जा सकता था। वही डाक्टर ए के सिंह ने बताया की हमारी टीम का काम यही है की जांच करके दवाएं वितरण करना है।