मस्तान पर कार्रवाई के लिए भाजपा महिलाओं नेताओं ने बांधी काली पट्टी

पटना। प्रधानमन्त्री नरेन्द्र मोदी पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने के लिए राज्य के मंत्री अब्दुल जलील मस्तान पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को ओर से कोई कार्यवाई नहीं किये जाने के कारण, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सदस्यों ने बिहार विधान सभा में काली पट्टी बाँध कर सदन में अपना विरोध प्रकट किया और पार्टी के नेतृत्व में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के घटक दलों ने वित्तरहित शिक्षकों की मांग के समर्थन में हंगामा किया।

विधानसभा की कार्यवाही प्र्ररम्भ होते ही प्रतिपक्ष के नेता प्रेम कुमार ने सभाध्यक्ष का ध्यान आक्रष्ट करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री के खिलाफ अमर्यादित तथा असंसदीय भाषा का प्रयोग करने वाले मंत्री मस्तान की अभी तक बर्खस्तागी होने के कारण भाजपा सदस्य बांह पर काली पट्टी बांध कर सदन की कार्यवाही में हिस्सा ले रहे हैं। प्रेम कुमार ने नौ सूत्री मांगों को लेकर धरना दे रहे निषाद संघ के मामले को भी सदन में उठाते हुए कहा कि राजधानी पटना के गर्दनीबाग़ में लगभग दो दर्जन लोग अनशन पर बैठे हैं। अपने दल के नेता के समर्थन में भजपा के सभी सदस्य भी अपने-अपने स्थान से बोलने लगे।

इस बीच भाकपा माले के सदस्य सत्यदेव राम ने अपने स्थान से राज्य में बढ़ रहे अपराध की घटनाओं पर जोर-जोर से बोलना शुरू कर दिया। इस पर सभाध्यक्ष विजय कुमार चौधरी ने सदस्यों से अपने मामलों को प्रश्नकाल के बाद शून्यकाल में उठाने का आग्रह किया जिसके बाद सदन में शान्ति हुई और प्रश्नकाल शुरू हुआ।