संसदीय पैनल के सामने पेश हुए भंसाली, फिल्म पर दी सफाई

मुंबई। फिल्म पद्मावती पर लगातार हो रहे विरोध के बीच फिल्म के निर्देशक संजय लीला भंसाली संसदीय पैनल के सामने पेश हुए। संजय ने अपनी फिल्म पर मच रहे बवाल पर सफाई देते हुए कहा कि उनकी फिल्म प्रसिद्ध सूफी संत मलिक मुहम्मद जायसी की रचना ‘पद्मावत’ पर बनी है। सेंसर बोर्ड प्रमुख प्रसून जोशी ने इस पर अपना रुख साफ करते हुए कहा है कि एक्सपर्ट पैनल की टीम इस फिल्म को देखेगी।

बता दें कि जो पैनल पद्मावती देखेगी उसमें इतिहासकार शामिल होंगे और निर्माताओं को सेंसर बोर्ड के सामने फिर से उचित एंट्री के तहत आवेदन करना होगा। निर्माताओं को बताना होगा कि फिल्म कल्पनाओं पर आधारित है या तथ्यों पर है।

 

भंसाली ने सूचना प्रौद्योगिकी से जुड़ी संसद की स्थायी समिति के सामने यह स्पष्ट कहा है कि उनकी फिल्म की कहानी मलिक मोहम्मद जायसी की रचना पर आधारित है, जिसका मतलब है कि फिल्म ऐतिहासिक घटनाओं को लेकर कोई दावा नहीं करती। हालांकि फिल्म पर बवाल सबसे ज्यादा इसी बात को लेकर हो रहा है कि भंसाली ने फिल्म के इतिहास के साथ छेड़-छेाड़ की है। फिल्म में खिलजी और पद्मावती के ड्रीम सीक्वेंस में रोमांस करते हुए दिखाया गया है। इस बात से भंसाली ने इनकार करते हुए कहा है कि ऐसा कुछ भी फिल्म में नही दिखाया गया है।

गौरतलब है कि 1 दिसंबर को रिलीज होने वाली पद्मावती पर बढ़ते-बढ़ते विवाद इतना बढ़ गया कि देश में माहौल बिगड़ गया। भंसाली और दीपिका की नाक-कान काटने की के फरमान जारी कर दिए गए। अब सेंसर द्वारा फिल्म पारित होने के बाद ही इस फिल्म का कुछ नतीजा निकलेगा।